All Posts - सभी पोस्ट्स Information and Knowledge - ज्ञान की बातें Self Improvement खुद को बेहतर बनाने के टिप्स छोटी-छोटी मगर बड़े काम की बातें

कैसे सीखें दूसरे लोगों से अच्छी आदतें !

दोस्तों ! आज के युग में व्यक्ति की पहचान उसके हाव-भाव और बोलचाल से ही पता चल जाता है। क्योंकि उस व्यक्ति के अंदर एक ऐसी आदत होती है, जिससे सामने वाला उसे लम्बे समय तक याद रखता है और ऐसे ही आज हम आपको ऐसी आदतों के बारे में बताने वाले हैं, जिन्हे स्वीकार करने पर आप दुनिया में छाप छोड़ सकते हैं। यह तो स्वाभाविक है कि प्रत्येक व्यक्ति में 100% अच्छी आदतें तो नहीं होती लेकिन कम से कम हम वो आदतें तो अपना ही सकते हैं, जो हमारे लिए जरुरी है। दोस्तों कई बार आपके साथ भी ऐसा हुआ होगा कि किसी सभा में बोलने से पहले ही आपके हाथ -पैर कांपने लग जाते हैं।

बातचीत करने में कौशल प्राप्त करना, उतना कठिन नहीं होता जितना आप अपने दिमाग में सोच रखे हो , लेकिन इसके लिए आपको Improvement करने की जरुरत है। इसके लिए आपको सबसे पहले अपनी इस सोच को बदलना होगा कि इस दुनिया में कुछ भी असंभव नहीं है। इसी तरह से आप कई अन्य लोगों में से अच्छी आदतों को स्वीकार कर सकते हैं, जो आपको attractive लगती हो। इन आदतों में बात करने का तरीका , Personality , Dressing Sense , लोगों को अपनी तरफ आकर्षित करने की क्षमता आदि। तो आइए दोस्तों ! हम आपको बतातें हैं कुछ वो आदतें जिन्हे आप स्वीकार करने पर बन सकते हैं एक Legend Person !


आदतें जो अपने अंदर स्वीकार करनी है :


1. बातचीत के लिए सही समय का चुनाव करने की आदत :

stop talking-stayreading

दोस्तों ! बातचीत शुरू करने के लिए समय की सबसे अहम् भूमिका होती है। आप दूसरे लोगों में देखिये कि वह कैसे बात कर रहा है। अगर आपको लगता है कि इसकी यह आदत मेरे में होनी चाहिए तो आप तुरंत उस आदत को स्वीकार करने में लग जाइए। माना कि यह बदलाव थोड़ा कठिन है लेकिन नामुमकिन तो नहीं। अगर कोई व्यक्ति अपने कार्य में व्यस्त है , तो बातचीत करके उनके कार्य में बाधा डालना पसंद नहीं आएगा। उदाहरण के लिए, अगर आपको अपने किसी Senior से कोई जरूरी बात करनी है, तो अपनी बात कहने के लिए पहले से समय निर्धारित करने का प्रयास करें।




मान लीजिये, अगर आप अपने पिता से नए कपड़े खरीदवाने के लिए उनसे बात करना चाहते हैं , तो फिर ध्यान रखें कि आप उनसे सही समय पर ही अपनी बात कहें । अगर आप यह जानते हैं, कि वे सुबह उठते ही किसी से ज्यादा बात नहीं करते, तो उन्हें अपनी कॉफी ख़त्म करने और ठीक से जागने का मौका दें, उसके बाद ही उनसे बात करने की कोशिश करें।

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • किसी से बातचीत शुरू करने से पहले समय की एहमियत पर जरूर गौर करें, की वह व्यक्ति अपने कार्य में व्यस्त है या नहीं।
  • दूसरे लोगों की अच्छी आदत अपने अंदर लाइए। माना कि यह बदलाव आपके अंदर लाना थोड़ा मुश्किल हो सकता है लेकिन यह आपके लिए नामुमकिन तो नहीं। आपको लगता है कि इसकी यह आदत मेरे में होनी चाहिए तो आप तुरंत उस आदत को स्वीकार करने में लग जाइए।
  • ऐसे किसी व्यक्ति से हर रोज बात शुरू करने का प्रयास करें, जिससे आप रोज़ मिलते हों। उनसे आप अपने किसी topic पर बातचीत कर सकते हैं । यह एक बहुत अच्छा तरीका है। बस इतना याद रखें कि बोलते वक्त हमेशा positive tone का इस्तेमाल करें।

2. बातचीत में नाम दोहराने की बनाइए आदत :

talking name-stayreading

हम रोज़ न जाने कितने ही लोगों से मिलते हैं । आप चाहे किसी भी कंपनी में काम करते हों, आस-पड़ोस या स्कूल में बहुत से बच्चों से मिलते हों, सबके सही नाम और चेहरे याद रखना थोड़ा मुश्किल कार्य है। एक रिसर्च के अनुसार, लोगों का नाम याद रखना और उन्हें उनके नाम से बुलाना आपके और दूसरे व्यक्ति के बीच एक व्यक्तिगत संबंध बनाने में सहायक होता है। अक्सर आपने कहीं देखा जरूर होगा कि एक व्यक्ति अगर किसी अन्य नए व्यक्ति से मिलता है तो वह उसका नाम आसानी से याद कर लेता है, चाहे वो उससे महीने भी बाद ही क्यों न मिला हो। इसके पीछे भी एक trick है।




इस आदत को अपने अंदर अपनाने के लिए आपको जब पहली बार किसी का नाम पता चले, तो इसे बातचीत में दोहराते रहें। जब कोई आपसे कहता है, “हेलो, मेरा नाम अमित है”, आपको कहना चाहिए, “तुमसे मिलकर ख़ुशी हुई, अमित ।” इस तरह से बार-बार उसके नाम को दोहराना, आपके mind में fix कर देगा कि इस व्यक्ति का नाम अमित है ।

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • एक रिसर्च के अनुसार, लोगों का नाम याद रखना और उन्हें उनके नाम से बुलाना आपके और दूसरे व्यक्ति के बीच एक व्यक्तिगत संबंध बनाने में सहायक होता है।
  • इस आदत को अपने अंदर अपनाने के लिए आपको जब पहली बार किसी का नाम पता चले, तो इसे बातचीत में दोहराते रहें।
  • इस आदत में अच्छी पकड़ लाने के लिए उस व्यक्ति का जब नाम पता चले, तो आप उस व्यक्ति का नाम बातचीत करते वक़्त दोहराते रहें।

3. Way of Talk में Positivity लाने की आदत :

positively talk-stayreading

किसी के बारे में कुछ अच्छा कहना बातचीत करने के तरीके को आसान बना देता है। जब आप किसी की तारीफ करते हैं, तो ज्यादातर लोग इस पर अच्छी प्रतिक्रिया देते हैं। बात करते वक़्त आपको अपनी Voice tone और Face expression पर जरूर ध्यान देना है। बोलते वक़्त आप उनसे Excited way में बातचीत कीजिये जिससे वो व्यक्ति आपसे बातचीत करने में Interest दिखाएगा।




उदहारण के तौर पर आप ऐसा कुछ कह सकते हैं जैसे, “आपने आज जिस तरह से Party की management की थी मैं तो उसका कायल हो गया। Management के burden में रहते हुए भी आप कैसे इतने शांत रह लेते हैं, क्या आप इसकी मुझे कुछ टिप्स दे सकते हैं। कुछ इस तरह से अपनी positivity दिखाने से वह व्यक्ति आपको कभी नहीं भूलेगा । बस आपको यह बात याद रखनी है कि बोलते वक़्त आपको तारीफ़ करनी है न कि लम्बी लम्बी फेंकनी है। इस तरह की बातों से आसपास एक Positive Environment create हो जाता है।

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • जब आप किसी की तारीफ करते हैं, तो ज्यादातर लोगों की तरफ से इस पर अच्छी प्रतिक्रिया मिलती है।
  • बातचीत करते वक़्त आपको अपनी Voice tone और face expression पर अधिक ध्यान देना है।
  • अपनी way of talk में positivity दिखाते वक़्त आपको यह याद रखना है कि बोलते वक़्त आपको तारीफ़ करनी है न कि लम्बी लम्बी फेंकनी है।

4. सवाल पूछने के तरिके अपनाने की आदत :

ask question-stayreading

दोस्तों ! एक अच्छी बातचीत शुरू करने से पहले आप अपनी भूमिका सही तरीके से निभाएं । अगर आपको बातचीत में कोई सवाल भी पूछना है तो आप पने सवाल को इस तरह से पूछिए जिनका जवाब आपके सामने वाले को एक से अधिक शब्द की आवश्यकता पड़े। जैसे कि आपने पूछा , “आज कितना सुहाना दिन हैं, है ना?” की बजाए आप यह कह सकते हैं , “इस सुहाने मौसम का मजा लेने के लिए आप क्या प्लान कर रहे हैं?” पहले उदाहरण का जवाब देने के लिए सिर्फ हाँ या ना की जरूरत पड़ रही है, जो बातचीत को वहीँ पर रोक सकती है। 

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • बातचीत शुरू करने से पहले आप अपनी भूमिका सही तरीके से निभाएं ।
  • अपने सवालों को इस तरह से पूछिए जिनके जवाब आपके सामने वाले को एक से अधिक शब्द में बोलने की आवश्यकता पड़े। 
  • इस तरह से सवाल बिलकुल मत पूछिए जिनका जवाब सिर्फ हां या ना में मिले। 





5. सक्रियता से सुनने और उस पर अपनी प्रतिक्रिया देने की आदत :

listening-stayreading

जब आपके सामने वाला व्यक्ति आपसे कुछ कहता है या बातचीत करता है तो आप उस व्यक्ति की बातों को सक्रियता के साथ सुनें और उस पर अपनी प्रतिक्रिया भी दें ताकि उन्हें नजर आये कि आप उनकी बातों पर अच्छे से गौर कर रहे हैं। सामने वाले इंसान की बातों को सक्रियता से सुनना और उस पर अपनी प्रतिक्रिया देना। उस व्यक्ति की एहमियत और सम्मान का अहसास करवाता है, जो एक प्रभावी बातचीत को विकसित करने के प्रयास में बहुत महत्वपूर्ण है। आप अपनी पूरी बातचीत के दौरान सामने वाले व्यक्ति की आँखों से संपर्क बनाये रखें।

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • सामने वाले व्यक्ति की बातचीत सक्रियता से सुनें और उस पर अपनी प्रतिक्रिया भी दीजिये।
  • प्रभावी बातचीत से उस व्यक्ति की एहमियत और सम्मान का अहसास होता है।
  • अपनी पूरी बातचीत के दौरान सामने वाले व्यक्ति की आँखों से संपर्क बनाये रखें। 

6. Body Language को Improve करने की आदत :

body language-stayreading

सामने वाले व्यक्ति से की जाने वाली बातचीत आपकी body language एक अहम् भूमिका निभाती है। जैसे की हमने ऊपर बताया कि आँखों का संपर्क विशेष रूप से महत्वपूर्ण है। किसी से नजरें मिलाना ये प्रदर्शित करता है कि आप बातचीत में पूरी तरह से present और ध्यान दे रहें हैं। बातचीत के दौरान आप अपने चेहरे पर हलकी सी मुस्कराहट भी रखें। साथ ही इस बात का भी ध्यान रखें, कि बातचीत के दौरान, आप मूर्ति बनकर न बैठ जाएँ। यह जरूर ध्यान रखिये कि आपकी Body Language, आपकी बातों से कहीं ज्यादा अच्छी तरह से बात करती है!

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • आपकी body language बातचीत के दौरान एक अहम् भूमिका निभाती है। 
  • आँखों का संपर्क भी बातचीत में विशेष रूप से महत्वपूर्ण है। 
  • बातचीत के दौरान आप अपने चेहरे पर हलकी सी मुस्कराहट भी रखें।

7. जरूरत से ज्यादा कुछ भी न शेयर करने की आदत :

sharing -stayreading

अक्सर आपने किसी Seminars या किसी ऑफिस वगैरह में देखा होगा कि जितने भी Well Personality वाले Person होते हैं, वह बोलते कम हैं लेकिन जितना भी बोलते हैं उसमे वह सब कुछ कह जाते हैं। जिससे लोगों पर एक अच्छा Impression पड़ता है। यह आदत आपको अपने अंदर भी अपनानी चाहिए। जब आप किसी से बात कर रहे हैं तो यह जरूर याद रखें कि बातचीत के दौरान आप जरूरत से ज्यादा किसी से कुछ भी शेयर न करें। कहने का साफ़ सीधा मतलब है कि आप किसी भी topic पर बात कर रहे हैं लेकिन ऐसा कुछ न कहें , जो सामने वाले को शर्मिंदा कर दे




कई बार ऐसा होता है कि लोग कुछ बिना सोचे समझे ही कितना कुछ कह जाते हैं और फिर बाद में उस पर अफ़सोस करते हैं। जरूरत से ज्यादा जानकारी देना, सामने वाले को शर्मिंदगी महसूस करा सकता है। इसलिए जरूरत से ज्यादा कुछ भी शेयर करने से बचें। एक बात को ध्यान में रखें कि किसी इंसान के बारे में जानने के लिए, आप अपनी थोड़ी बहुत Personal information शेयर कर सकते हैं। लेकिन आपको, अपने बारे में, एक ही बार में सब-कुछ बताने की जरूरत नहीं है।

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • कम बोलने में सब कुछ कह जाने वाले व्यक्ति लोगों पर अपना एक अच्छा Impression छोड़ जाते हैं ।
  • बातचीत करते वक़्त जरुरत से ज्यादा आप किसी से कुछ भी शेयर न करें।
  • किसी इंसान के बारे में जानने के लिए, आप अपनी थोड़ी बहुत personal information शेयर कर सकते हैं। लेकिन आपको, अपने बारे में, एक ही बार में सब-कुछ बताने की जरूरत नहीं है।

8. बातचीत के दौरान चेहरे पर हलकी से मुस्कराहट रखने की आदत :

smiling face-stayreading

जैसा कि हमने थोड़ी देर पहले आपको बताया कि जब आप किसी से बात कर रहे हैं तो अपने चेहरे पर हलकी से मुस्कराहट जरूर रखें। ऐसा करने से आपकी बातचीत में अच्छी प्रतिक्रिया पाने का एक अच्छा तरीका है। बातचीत के दौरान आप सामने वाले इंसान की तारीफ भी करिये लेकिन ऐसी तारीफ़ भी न करें कि उस व्यक्ति को लगे कि आप लम्बी-लम्बी फेंक रहे हैं । अगर आप अपने सामने वाले व्यक्ति को नहीं जानते चाहे वो आपके ऑफिस का ही employee क्यों न हो , तो फिर पहले आप उनकी रूचि के बारे में जानने की कोशिश करें, फिर उनसे आप खुलकर बातचीत शुरू कीजिये । अब जब आप उनकी रुचियों के बारे में जान चुके होंगे, फिर आप उनसे अच्छी तरह से घुल-मिलकर बातचीत कर सकते हैं ।

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • जब आप किसी से बात कर रहे हैं तो अपने चेहरे पर हलकी से मुस्कराहट जरूर रखें।
  • बातचीत के दौरान आप सामने वाले इंसान की तारीफ भी करिये लेकिन ऐसी तारीफ़ भी न करें कि उस व्यक्ति को लगे कि आप लम्बी-लम्बी फेंक रहे हैं ।
  • अगर आप अपने सामने वाले व्यक्ति को नहीं जानते चाहे तो सबसे पहले आप उनकी रूचि के बारे में जानने की कोशिश करें। 





9. दूसरों की तुलना खुद से करना कीजिये बंद :

Thinking a Solution

अपने अंदर एक यह Improvement जरूर करें कि दूसरों की तुलना अपने से करना बंद कर दीजिये। आप यह जरूर याद रखिये कि कुछ लोगों के पास ऐसी चीज़ होगी जो आपसे बेहतर है और कुछ के पास आपसे कहीं बेकार होगी । हम दूसरों से अपनी तुलना करके खुद को दुखी और समय बर्बाद कर रहे होते हैं। इसलिए दूसरों से खुद की तुलना करना बंद कर दीजिये और खुश रहिये। यह आपको और भी अधिक Positive Person बनाता है।

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • दूसरों की तुलना अपने से करना बंद कर दीजिये। 
  • हम दूसरों से अपनी तुलना करके खुद को दुखी और समय बर्बाद कर रहे होते हैं।
  • खुद से प्यार कीजिये और खुश रहिये। यह आपको और भी अधिक Positive Person बनाता है।

10. खुद से प्रेम करने की आदत डालिये :

love yourself-stayreading

यह हमेशा याद रखिये कि आप जो भी हैं जैसे भी हैं अपने में best हैं इसलिए याद रखिये कि आप किसी और की तरह बनने की कोशिश बिलकुल मत कीजिये। हाँ कुछ करना है तो आप उसकी एक अच्छी आदत अपने में स्वीकार कर सकते हैं। लेकिन आप खुद को यह कहकर दुखी मत बनाइये कि वह ऐसा है तो मैं ऐसा क्यों नहीं हूँ । स्वयं के प्रति सच्चे रहना आपको अपने लक्ष्य की ओर महत्वपूर्ण बनता है और ध्यान केंद्रित करने में भी सहायता करता है। इसके अलावा कोई आदत आप अपने अंदर लाने की सोच रहे हैं तो यह रातों रात तो आपके अंदर आ नहीं सकती । परन्तु धीरे धीरे प्रयत्न करने से आप अंदर बहुत बड़ा परिवर्तन ला सकतें हैं। उदाहरण के तौर पर आप यह लक्ष्य रख सकते हैं कि दूसरे इंसान को क्या खुश कर सकता है यह सोचने की मैं सबसे अच्छी कोशिश करूँगा।

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • यह याद रखिये कि आप जो भी हैं जैसे भी हैं अपने में best है । 
  • आप खुद को यह कहकर दुखी मत बनाइये कि वह ऐसा है तो मैं ऐसा क्यों नहीं हूँ । 
  • स्वयं के प्रति हमेशा सच्चे रहिये यह एक सकारात्मक व्यक्ति की पहचान है। 





11. धैर्य से कार्य करने की आदत बनाइये :

Portrait of relaxed business woman in office ** Note: Soft Focus at 100%, best at smaller sizes

एक चीज़ याद रखिये कि जीवन में कभी भी किसी चीज़ में जल्दबाज़ी न दिखाएं क्योंकि धैर्य में कार्य करने से कार्य पूरी planning के साथ पूरा होता है। इसलिए लोगों के साथ धैर्यवान बनें। सामने वाले के बारे में बुरा सोचने की बजाय सकारात्मक सोचें।

मान लीजिये रास्ते में चलते वक़्त आपको कोई व्यक्ति धक्का मार के आगे बढ़ गया, तो जाहिर सी बात है उस व्यक्ति के लिए आप बुरा भला ही कहोगे। लेकिन आपको अब से ऐसा नहीं सोचना कि वह मूर्ख है या कुछ और आदि। आप अपने मन को यह समझाइये कि संभव है कि वह अपने किसी urgent काम से कहीं जा रहा हो या फिर वह अपने बच्चो को स्कूल से लेने जा रहा हो जो वह लेट हो गया। इन सब बातों के कहने का तात्पर्य है कि आप अपने अंदर सकारात्मकता लाएं।  

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • धैर्य से किया गया आपका कार्य पूरी planning के साथ complete होता है।
  •  सामने वाले के बारे में बुरा सोचने की बजाय सकारात्मक सोचें।
  • गुस्से को control में करना सीखिए क्योंकि गुस्सा सिर्फ गुस्से को ही जन्म देता है। इससे आपको ही नुक्सान है।

12. क्षमा करने की बनाइए अच्छी आदत :

forgiveness-stayreading

किसी को क्षमा करना आपके लिए एक मुश्किल काम हो सकता है। लेकिन गलती करने वाला इंसान भी तो आप ही की तरह इंसान ही है, इसलिए उन्हें क्षमा करके अपने अंदर की नकारात्मकता को दूर कीजिये ताकि जब आप किसी को क्षमा करेंगे तो आप उस व्यक्ति और अपने लिए एक महान इंसान बन जाएंगे। जब आप किसी को क्षमा करते हैं तो आप अपने अंदर एक Satisfaction प्राप्त करते हैं। जो क्रोध और कड़वाहट को दूर कर शान्ति प्रदान करता है। इसके साथ साथ आप अपने आस-पास के लोगों के साथ ईमानदार बने रहिये ।

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • अपने अंदर क्षमा करने की आदत लाइए क्योंकि गलती करने वाला इंसान भी तो आप ही की तरह एक इंसान ही है। 
  • क्षमा करने से आप के अंदर सकारात्मक ऊर्जा आती है और आप अपने अंदर उस व्यक्ति के लिए महान बन जाओगे। 
  • अपने आस-पास के लोगों के साथ ईमानदार बने रहिये । 





13. Self-Dependent बनने की आदत डालिये :

self-dependent-stayreading

आपने तो कई बार देखा होगा कि लोग अपने ज़रूरी काम को बस इसलिए पूरा नहीं कर पाते क्योंकि वो किसी और पर ही depend रहते हैं। इसलिए किसी व्यक्ति पर depend मत रहिये। आपका goal सिर्फ यह रहना चाहिए कि एक time limit के अंदर अपने कार्य को complete करना है।  Self Dependent रहने से आपका Confidence level बढेगा इसलिए इन आदतों को अपनी habit में लाइए

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • आपका goal सिर्फ यह रहना चाहिए कि एक time limit के अंदर अपने कार्य को complete करना है। 
  • Self Dependent रहने से व्यक्ति का confidence level बढ़ता है। 
  • Self Depend होकर कार्य करने वाला व्यक्ति किसी भी हालत में अकेले रहकर भी कार्य को संपन्न कर लेता है। क्योंकि वह व्यक्ति जानता है कि इस कार्य को करने का हक़ सिर्फ मेरा है और कोई इस कार्य को करने के लिए नहीं बना। 

14. Productive Person बनने की आदत डालिये :

productive person-stayreading

देखिये ! जो बीत गया उस पर अफ़सोस करना एक तरह का पागलपन है , जो सिर्फ समय की बर्बादी करता है और कुछ नहीं। अगर आपके साथ past में कुछ ऐसा हुआ है जिसके लिए आप दुखी होते हैं तो उसके बारे में अफ़सोस मत कीजिये




उस incident से जो सीख ले सकते हैं लीजिये और आगे बढिये। अगर आप अपने past के प्रति अफ़सोस जताते रहते हैं तो आप अपना ही नुकसान कर रहे हैं। इससे आप अपने वर्तमान में रहते हुए भी past में जी रहे होते हैं। इसलिए बेहतर Productive Person बनिए और खुद को future के लिए prepare कीजिये। इसके अलावा आप उस चीज़ पर focus बिलकुल मत कीजिये इसलिए आप जो होते देखना चाहते हैं सिर्फ उस पर focus कीजिये।

छोटी-छोटी मगर मोटी बातें :

  • जो बीत गया उस पर अफ़सोस मत कीजिये क्योंकि यह सिर्फ समय की बर्बादी करता है और कुछ नहीं।
  • बेहतर Productive Person बनिए और खुद को future के लिए prepare कीजिये। 
  • आप जो होते देखना चाहते हैं सिर्फ उस पर focus कीजिये।

    इन्हे जरूर पढ़िए :


यदि आपके पास Hindi में कोई article, inspirational story या जानकारी है जो आप हमारे साथ share करना चाहते हैं तो कृपया उसे अपनी फोटो के साथ E-mail करें। हमारी ID है :blog.stayreading@gmail.com ! article पसंद आने पर हम उसे आपके नाम और फोटो के साथ यहाँ PUBLISH करेंगे और आपको हमारी यह Post कैसी लगी. नीचे दिए गए Comment Box में जरूर लिखें. यदि आपको हमारी ये Post पसंद आए तो Please अपने Friends के साथ Share जरूर करें. और हाँ अगर आपने अब तक Free e -Mail Subscription activate नहीं किया है तो नयी पोस्ट ईमेल में प्राप्त करने के लिए Sign Up जरूर करें.

Happy Reading !

About the author

StayReading.com

StayReading.com का Main Motive ज्यादा से ज्यादा लोगों को प्रेरित करना और आगे बढ़ने में Help करना है। Inspirational और Motivational Quotes का अनमोल संग्रह है, जो आपको प्रेरित करेगा की आप अपने जीवन को नये अंदाज में देखें। हर Quotesऔर Stories का संग्रह आपके नज़रिए को व्यापक करती है और बताती है की पूर्ण इंसान बनने का मतलब क्या होता है। यह हमे सिखाती है की हम भी अपने जीवन में ज़्यदा प्रेम, साहस और करुणा कैसे हासिल कर सकते हैं।

Add Comment

Click here to post a comment

Sponsors links

FREE Email Subscription